चार जजों के शोर में सन्नाटा बनी विधायकों की बढ़ी सैलरी

तमिलनाडु के विधायकों का वेतन दोगुना बढ़ाकर कर दिया गया है एक लाख पांच हजार रुपया

देश में भूखों-नंगों की संख्या बढ़ती जा रही है। वल्र्ड हंगर इंडेक्स यही कहता है। दूसरी ओर भूख से मरने वालों की भी खबरें आती रहती हैं। देश के आर्थिक हालात तो ऐसे हैं कि माननीयों की सुविधाएं और वेतन घाटाने की जरूरत आन पड़ी है। क्योंकि देश का राजकोषीय घाटा बढ़ा है और जीडीपी घटा है। ऐसे समय में तमिलनाडु के विधायकों की सैलरी बढ़ाने वाला बिल वहां के विधानसभा में पास हो गया है। लेकिन, चार जजों के प्रेस काॅन्फ्रेंस के शोर में यह घातक खबर सन्नाटा बनकर रह गयी है।

तमिलनाडु के विधायकों के वेतन बढाने वाला बिल विधानसभा में पास होने के बाद तमिलनाडु के विधायकों की सैलरी करीब-करीब दोगुनी हो जाएगी। मुख्यमंत्री ई पलानीस्वामी ने बुधवार को विधायकों की सैलरी बढ़ाने का प्रस्ताव पेश किया था। इससे पहले तक विधायकों की सैलरी 55 हजार रुपये थी। जो अब बढ़कर 1.05 लाख रुपये हो जाएगी। इतना ही नहीं पूर्व विधायकों की पेंशन को 20 हजार रुपये तक बढ़ाया गया है।

मुख्यमंत्री पलानीस्वामी ने बुधवार को इस बिल को पेश किया था। इसके अलावा विधायकों के निर्वाचन क्षेत्र विकास फंड का दायरा भी दो करोड़ से बढ़ाकर ढाई करोड़ करने का प्रस्ताव है। मालूम हो कि तमिलनाडु में कुल 234 विधायक हैं। इनमें सत्ता पार्टी एआइएडीएमके के 117 विधायक हैं। हालांकि देश में तेलंगाना के विधायकों की सैलरी सबसे अधिक 2.50 लाख है। जबकि सबसे कम त्रिपुरा के विधायकों की सैलरी है। त्रिपुरा में विधाकयों को मात्र 34 हजार रुपये मिलते हैं। इसके बाद दिल्ली में विधायकों को 50 हजार मिलता है।

उल्लेखनीय है कि बीते साल दिल्ली विधानसभा में केजरीवाल सरकार ने सत्ता में आते ही विधायकों की सैलरी चार गुना करने का प्रस्ताव किया था, जिससे विधायकों की सैलरी ढाई लाख के आसपास हो जाती। लेकिन, केंद्र शासित राज्य दिल्ली के विधायकों के वेतन बढ़ोत्तरी के प्रस्ताव को केंद्र सरकार ने मंजूरी नहीं दी थी। जो हो, तमिलनाडु में विधायकों की सैलरी उस समय दोगुनी हुई है, जब वहां बस कर्मचारी की हड़ताल है। तमिलनाडु में बस कर्मचारी सैलरी बढ़ोतरी की मांग को लेकर हड़ताल कर रहे हैं। विधायकों की सैलेरी बढ़ने के बाद तमिलनाडु में इसका भारी विरोध हो रहा है। डीएमके नेता एमके स्टालिन ने इस प्रस्ताव का विरोध किया है। मगर, सुप्रीम कोर्ट के चार जजों के प्रेस काॅन्फ्रेंस के शोर में तमिलनाडु के विधायकों की बढ़ी सैलरी पर सन्नाटा है। जबकि जरूरत ये थी कि इसका देश भर में विरोध हो।

 

You May Also Like

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *